बच्चों और बड़ों में दांत सड़ने की समस्या के कारण और उपचार
दंत क्षय के कारण और उपाय
दांत हमारे शरीर की आवश्यक भाग हैं। वे न केवल खाना चबाने में हमारी मदद करते हैं बल्कि हमारे स्माइल और आत्मविश्वास के लिए भी जिम्मेदार हैं। लेकिन आजकल दंत क्षय एक सामान्य समस्या बन गया है। बच्चों के अलावा सभी आयु वर्गों को अपने दांतों में ऐसे क्षय से पीड़ा दे सकता है। दंत क्षय आमतौर पर होता है जब मुख में बैक्टीरिया खाद्य में मिले शर्करे को तेजाब में बदलते हैं। ये तेजाब धीरे-धीरे एमेल को बिगाड़ते हैं और छिद्र बनाते हैं। यदि समस्या को उपचार न किया जाए, तो इसके कारण दर्द होता है और दांत नष्ट हो जाते हैं।
दाँतों के क्षय के कारण
जब कोई व्यक्ति लगातार मीठी चीजें खाता रहता है, या अपने दाँतों की ठीक से सफाई नहीं करता, तो मुँह में प्लाक बनने लगता है। इस प्लाक में बैक्टीरिया पनपने लगते हैं, जिससे धीरे-धीरे दाँत कमजोर हो जाते हैं। इसके अलावा, तंबाकू का सेवन न केवल दाँतों को नुकसान पहुँचाता है, बल्कि मसूड़ों से संबंधित समस्याओं का भी कारण बनता है।
दंत क्षय के पीछे 5 मुख्य कारण
- सब्जियों की अधिक मात्रा ना खाना
- दांतों को गलत तरीके से साफ करना
- जंक फूड काअधिक सेवन करना
- तंबाकू का उपयोग एवं धूम्रपान करना
- उचित मौखिक स्वच्छता कोअनदेखी करना
यदि हम इन बातों को अपने दैनिक दिनचर्या में शामिल करें, तो हम दाँतों से संबंधित समस्याओं से बच सकते हैं। दाँतों को ब्रश करने से दाँतों पर जमी गंदगी एवं बैक्टीरिया दूर हो जाते हैं। इसके अलावा, पौष्टिक आहार लेने से दाँत मजबूत रहते हैं। नियमित रूप से दंत चिकित्सक के पास जाने से हम यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि हमारे दाँतों में कोई समस्या न हो; और यदि कोई समस्या है, तो उसे आसानी से ठीक किया जा सकता है।
स्वस्थ दाँतों को बनाए रखने के 5 तरीके
- दिन में दो बार ब्रश करें।
- भोजन करने के बाद अपना मुँह धो लें।
- बहुत अधिक मीठे खाद्य पदार्थों का सेवन न करें।
- हर छह महीने में एक बार दंत चिकित्सक से जरूर मिलें।
- एक स्वस्थ एवं संतुलित आहार अपनाएं।
निष्कर्ष
इस प्रकार, दाँतों का क्षय ऐसी ही समस्याओं में से एक है, जिसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं, यदि इसे रोका न जाए। लेकिन, यदि हम सही तरीकों को अपनाएं एवं उचित उपाय करें, तो हम इस समस्या से पूरी तरह बच सकते हैं, एवं अपने पूरे जीवन में स्वस्थ दाँतों का आनंद ले सकते हैं। स्वस्थ दाँत, ही वास्तव में स्वस्थ जीवन की कुंजी हैं।


